वैकल्पिक विषय · भाषाओं का साहित्य
UPSC मराठी साहित्य वैकल्पिक विषय पाठ्यक्रम 2026
पेपर 1 और पेपर 2, UPSC के सीएसई 2026 के हिंदी नोटिस (पृ. 178–182) से शब्दशः। हर पेपर 250 अंक और तीन घंटे का।
Read in Englishमुख्य परीक्षा पेपर VI · 250 अंक · 3 घंटे
मराठी साहित्य — प्रश्न पत्र I
(उत्तर मराठी में लिखने होंगे)
खंड 'क'
भाषा और लोक विधा
भाषा का स्वरूप और कार्य
(मराठी के संदर्भ में) भाषा - संकेतन प्रणाली के रूप में: लेंन्गुई और परौल, आधारभूत कार्य, काव्यात्मक भाषा, मानक भाषा तथा बोलियां, सामाजिक प्राचल के अनुसार भाषाई-परिवर्तन, तेरहवीं तथा सत्रहवीं शताब्दी में मराठी की भाषाई विशेषताएं ख) मराठी की बोलियां
अहिराणी, बरहदी, डांगी
मराठी व्याकरण
शब्द-भेद (पार्टस् ऑफ स्पीच), कारक व्यवस्था (केस सिस्टम), प्रयोग विचार (वाच्य)
लोक विधा के स्वरूप और प्रकार
(मराठी के विशेष संदर्भ में)
लोकगीत, लोककथा, लोकनाट्य
खंड 'ख'
साहित्य का इतिहास और साहित्यिक आलोचना
मराठी साहित्य का इतिहास
प्रारंभ से 1818 ई. तक : महानुभाव लेखक, वरकारी कवि, पंडित कवि, शाहिर्स, बाखर साहित्य के विशेष संदर्भ में।
1850 ई. से 1990 तक : काव्य, कथासाहित्य (उपन्यास और कहानी) नाटक और प्रमुख साहित्य धाराओं के विशेष संदर्भ में तथा रोमांटिक, यथार्थवादी, आधुनिकतावादी, दलित, ग्रामीण और नारीवादी आंदोलनों के विकास के विशेष संदर्भ में।
साहित्यिक आलोचना
साहित्य का स्वरूप और कार्य।
साहित्य का मूल्यांकन।
आलोचना का स्वरूप, प्रयोजन और प्रक्रिया।
साहित्य, संस्कृति और समाज।
मुख्य परीक्षा पेपर VII · 250 अंक · 3 घंटे
मराठी साहित्य — प्रश्न पत्र II
(उत्तर मराठी में लिखने होंगे) निर्धारित साहित्यिक रचनाओं का मूल पाठ विषयक अध्ययन
इस प्रश्न पत्र में निर्धारित मूल पाठ्य पुस्तकों को पढ़ना अपेक्षित होगा और इसमें अभ्यर्थी की आलोचनात्मक योग्यता को जांचने वाले प्रश्न पूछे जाएंगे।
खंड 'क'
गद्य
'स्मृति स्थल'
महात्मा: जोतिबा फूले :
शेतकारियाचा आसुद'
'सार्वजनिक सत्यधर्म'
एस.वी. केतकर :
'ब्राह्मण कन्या'
पी.के. अत्रे :
'शास्टांग नमस्कार'
शरच्चंद मुक्ति बोध:
'जाना हे बोलातु जेथे'
उद्धव शैल्के:
'शीलन'
बाबू राव बागुल:
'जेव्हा मी जात चोरली होती'
गौरी देशपांडे:
'एकेक पान गालाव्या'
पीआई सोनकाम्बले
'आठवनीन्चे पक्षी'
खंड 'ख'
काव्य
नामदेवान्ची अभंगवाणी
सम्पा-इनामदार, रेलेकर, मिराजकर, माडर्न बुक डिपो, पुणे।
'पेन्जान'
सम्पा.-एम.एन. अदवन्त साहित्य प्रसाद केन्द्र, नागपुर
दमयन्ती-स्वयंवर द्वारा - रघुनाथ पंडित
बालकविंची कविता द्वारा - बालकवि
विशाखा द्वारा - कुसुमाग्रज
मृदगंध द्वारा - विन्दा करन्दीकर
जाहिरनामा द्वारा - नारायण सुर्वे
संध्या कालचे कविता द्वारा - ग्रेस
या सत्तेत जीव रमात नाही द्वारा - नामदेव ढसाल
पाठ: UPSC, संघ लोक सेवा आयोग परीक्षा नोटिस सं. 05/2026-सीएसपी (सिविल सेवा परीक्षा, 2026), पृ. 178–182 ↗। वर्तनी UPSC की अपनी है।
भाषाओं का साहित्य के अन्य वैकल्पिक विषय
FAQ
मराठी साहित्य: आपके प्रश्न, हमारे उत्तर
UPSC मराठी साहित्य वैकल्पिक विषय में कितने पेपर होते हैं?
दो — मुख्य परीक्षा के पेपर VI और VII (वैकल्पिक पेपर 1 और पेपर 2), 250-250 अंक और तीन-तीन घंटे, कुल 500 अंक।
UPSC मराठी साहित्य वैकल्पिक विषय के पाठ्यक्रम में क्या है?
UPSC इसे इस तरह बाँटता है: पेपर 1 — खंड 'क'; खंड 'ख'; पेपर 2 — खंड 'क'; खंड 'ख'। दोनों पेपरों का पूरा पाठ्यक्रम इस पेज पर UPSC के शब्दों में है।
मराठी साहित्य का आधिकारिक पाठ्यक्रम कहाँ मिलेगा?
सिविल सेवा परीक्षा 2026 के UPSC नोटिस (परीक्षा नोटिस सं. 05/2026-सीएसपी) के खंड-III, भाग-ख में — हिंदी नोटिस में पृ. 178–182।